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पालिका विलय के खिलाफ गरजे खगमराकोट के ग्रामीण, महारैली कल

अल्मोड़ा। नगर पालिका के विस्तारीकरण मंे 23 ग्राम सभाओं के पालिका विलय के कैबिनेट फैसले के विरोध में यहां ग्राम सभाओं का क्रमबद्ध धरना-प्रदर्शन जारी है। मंगलवार को ग्राम पंचायत खगमराकोट ने गांधी पार्क मंे जोरदार प्रदर्शन किया। इसी के साथ आज 11 अगस्त को होने जा रहे विशाल जुलूस (महारैली) की तैयारियों को भी अंतिम रूप दे दिया गया है।
उल्लेखनीय है कि विकासखंड हवालबाग की 23 ग्राम सभाओ को पालिका में शामिल करने के खिलाफ ब्लाक प्रमुख सूरज सिराड़ी के नेतृत्व में रोज धरने-प्रदर्शन हो रहे हैं। सभी ग्राम पंचायतें इस निर्णय के खिलाफ एकजुट हो गयी हैं। भले ही यह फैसला भाजपा शासनकाल में लिया गया है, लेकिन इसकी बुनियाद भी कांग्रेस शासनकाल में डल चुकी थी। अब हालात यह है कि ग्रामीणों की एकजुटता देखकर दोनों ही पार्टियों के नेतागण ग्रामीणों को समर्थन देने की बात कह रहे हैं। यही नहीं कई अन्य संगठन के नेतागण भी इस मुहिम में अपनी भागीदारी सुनिश्त करते हुए अपने जनाधार को बढ़ाने की जुगाड़ मंे हैं। इन सबके बीच ग्रामीण पार्टीगत भावनाओं से एकदम अलग हटकर अपना स्वतः स्फूर्त आंदोलन चलाये हैं। आज जिला मुख्यालय मे होने जा रहे महारैली मंे विशाल भीड़ जुटने की संभावना है। इधर आज ग्राम सभा खगमराकोट के नागरिकों ने गांधी पार्क में अपनी एकजुटता का प्रदर्शन किया। सभा की अध्यक्षता ब्लाक प्रमुख सूरज सिराड़ी ने की। धरने में ग्राम प्रधान रंजना टम्टा, मीरा देवी, दलीप सिंह थापा, सुरेंद्र लाल टम्टा, गोपाल लाल टम्टा, आशा थापा, शोभा टम्टा, अंजना आर्या, राधिका देवी, दीपा वर्मा, जानकी बिष्ट, सरस्वती बोड़ायी, सरिता भंडारी, हेमा, पदमा, गंगा तिवारी, कमल पवांर, संतोष बिष्ट, किशन सिंह बिष्ट सहित दर्जनों ग्रामीण मौजूद थे।

ग्रामीणों के आंदोलन को पूर्ण समर्थन: टम्टा
अल्मोड़ा। पूर्व सैनिक लीग के सचिव सुरेंद्र लाल टम्टा ने 23 ग्राम पंचायतों के पालिका विलय के फैसले के खिलाफ चल रहे आंदोलन को समर्थन देने की घोषणा की है। उन्होंने यहां जारी बयान में कहा कि ग्रामीण क्षेत्र की जनता को उनकी इच्छा के विपरीत पालिका में शामिल करने के फैसले का हर स्तर पर विरोध किया जायेगा। कहा कि पालिका को अपने नगर क्षेत्र की दशा सुधारने के प्रयास करने चाहिए और ग्रामीणों को उनके हाल पर छोड़ दें। ग्राम पंचायतें अपनी व्यवस्था खुद करने में सक्षम हैं।

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